State Bank of India (SBI) FY26 वित्तीय सारांश

भारत का सबसे बड़ा सरकारी क्षेत्र का बैंक, स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI), ने वित्तीय वर्ष 2026 (FY26) में अब तक का उच्चतम वार्षिक लाभ हासिल किया है। बैंक ने इस अवधि में ₹80,032 करोड़ का standalone शुद्ध लाभ दर्ज किया, जो पिछले वर्ष की तुलना में 13% की उल्लेखनीय बढ़ोतरी दर्शाता है। यह सफलता बेहतर लोन वृद्धि, सुधरी हुई एसेट क्वालिटी और रिटेल तथा कॉर्पोरेट सेक्टर के मजबूत प्रदर्शन का परिणाम है।

साल 2026 के वित्तीय नतीजे SBI के बोर्ड की बैठक के बाद 8 मई, 2026 को सार्वजनिक किए गए। इस लाभ वृद्धि के साथ ही बैंक ने अपने शेयरधारकों को ₹17.35 प्रति इक्विटी शेयर का लाभांश देने का भी ऐलान किया। हालांकि, मार्च तिमाही में मार्जिन कंप्रेशन और ट्रेजरी लॉस के कारण निवेशकों की सतर्कता बनी रही, जिसके चलते SBI के शेयरों पर दबाव देखा गया।

FY26 में SBI का वित्तीय प्रदर्शन

31 मार्च, 2026 को समाप्त वित्तीय वर्ष में SBI ने मजबूत वित्तीय परिणाम दर्ज किए। बैंक की कुल आय में बढ़ोतरी के साथ-साथ खराब ऋण अनुपातों (NPA) में भी सुधार हुआ। इस सफलता का श्रेय मुख्य रूप से रिटेल, SME, कृषि और कॉर्पोरेट लोन क्षेत्रों में अच्छी क्रेडिट वृद्धि को जाता है।

विवरणFY26FY25बढ़ोतरी
नेट प्रॉफिट₹80,032 करोड़₹70,901 करोड़13%
कुल आय₹5,51,647 करोड़₹5,24,172 करोड़5.20%
टैक्स से पहले लाभ₹1,05,477 करोड़₹95,271 करोड़10.70%
ग्रॉस NPA1.49%1.82%सुधार
नेट NPA0.39%0.47%सुधार

लाभांश का ऐलान

SBI के बोर्ड ने FY26 के लिए ₹17.35 प्रति इक्विटी शेयर का लाभांश घोषित किया है। इस लाभांश के लिए रिकॉर्ड डेट 16 मई, 2026 निर्धारित की गई है और भुगतान जून महीने में होने की संभावना है।

एसेट क्वालिटी में सुधार

FY26 में SBI की सबसे बड़ी उपलब्धि उसकी बेहतर एसेट क्वालिटी रही। ग्रॉस नॉन-परफॉर्मिंग एसेट्स (NPA) 1.82% से घटकर 1.49% हो गए, जबकि नेट NPA 0.47% से कम होकर 0.39% पर आ गया। खराब ऋणों में कमी के कारण बैंक का प्राविजनिंग दबाव कम हुआ, जिससे लाभप्रदता में मजबूती आई। प्राविजन कवरेज रेश्यो (PCR) भी 74.36% पर मजबूत बना रहा और AUCA समेत यह लगभग 92% तक पहुंच गया। ये संकेत बैंक की बैलेंस शीट की स्थिरता और रिकवरी में सुधार को दर्शाते हैं।

विभिन्न सेक्टरों में लोन वृद्धि

FY26 के दौरान, SBI ने अपने लोन पोर्टफोलियो में जबरदस्त बढ़ोतरी देखी। रिटेल लोन में 17%, SME एडवांस में 21%, कॉर्पोरेट लोन बुक में लगभग 15% की वृद्धि हुई। कृषि लोन पोर्टफोलियो ₹4 लाख करोड़ से ऊपर पहुंच गया, जबकि कुल जमा ₹59.8 लाख करोड़ तक बढ़ गया।

  • रिटेल लोन पोर्टफोलियो में 17% की बढ़ोतरी
  • SME एडवांस में 21% की वृद्धि
  • कॉर्पोरेट लोन बुक में करीब 15% का उछाल
  • कृषि लोन ₹4 लाख करोड़ से अधिक
  • कुल जमा ₹59.8 लाख करोड़ तक पहुंचा

SBI की पूंजी स्थिति

FY26 में बैंक ने अपने पूंजी आधार को मजबूत बनाए रखा। Basel III कैपिटल एडिक्वेसी रेश्यो 15.40% रहा, जो नियामक मानकों से काफी ऊपर है। बैंक ने Qualified Institutional Placement (QIP) के तहत ₹25,000 करोड़ जुटाए, जिससे पूंजी स्थिति और मजबूत हुई। साथ ही, SBI ने अपनी सहायक कंपनी SBI जनरल इंश्योरेंस में हिस्सेदारी 73.87% तक बढ़ा दी, जो दीर्घकालीन विस्तार की रणनीति को दर्शाता है।

FY27 के लिए SBI का दृष्टिकोण

SBI प्रबंधन FY27 में क्रेडिट वृद्धि और बैंकिंग मांग को लेकर सकारात्मक है। बैंक को उम्मीद है कि रिटेल, कॉर्पोरेट और इन्फ्रास्ट्रक्चर लोन क्षेत्रों में निरंतर विस्तार होगा। हालांकि, वैश्विक अनिश्चितताएं, बॉन्ड यील्ड में उतार-चढ़ाव और ब्याज दरों के रुझान से मार्जिन और ट्रेजरी आय प्रभावित हो सकती है। फिर भी, बैंक का रिकॉर्ड लाभ, बेहतर एसेट क्वालिटी और मजबूत लोन ग्रोथ इसे देश के प्रमुख बैंकिंग संस्थानों में बनाए रखता है।

प्रश्न एवं विकल्प

  1. SBI ने FY26 में कितना standalone नेट प्रॉफिट दर्ज किया?
    A) ₹70,901 करोड़
    B) ₹80,032 करोड़
    C) ₹95,271 करोड़
    D) ₹1,05,477 करोड़
  2. FY26 में SBI के ग्रॉस NPA का प्रतिशत क्या था?
    A) 1.82%
    B) 0.39%
    C) 1.49%
    D) 0.47%
  3. SBI ने FY26 के लिए डिविडेंड के रूप में कितना भुगतान करने की घोषणा की?
    A) ₹16.50 प्रति शेयर
    B) ₹17.35 प्रति शेयर
    C) ₹18.00 प्रति शेयर
    D) ₹15.75 प्रति शेयर
  4. FY26 में SBI ने अपनी पूंजी स्थिति को मजबूत करने के लिए कितना राशि जुटाई?
    A) ₹20,000 करोड़
    B) ₹25,000 करोड़
    C) ₹30,000 करोड़
    D) ₹35,000 करोड़
  5. निम्नलिखित में से कौन सा क्षेत्र FY26 में SBI के लोन पोर्टफोलियो में सबसे अधिक वृद्धि दर्ज की?
    A) कृषि लोन
    B) SME एडवांस
    C) रिटेल लोन
    D) कॉर्पोरेट लोन