दिनांक: 11-13 सितंबर 2026

भारत सरकार ने हाल ही में एक महत्वपूर्ण सुरक्षा निर्णय लेते हुए दिल्ली के 100 किलोमीटर के दायरे में हैंग-ग्लाइडर, पैराग्लाइडर और पैरामोटर के संचालन पर 11 से 13 सितंबर 2026 तक पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया है। यह प्रतिबंध राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र और उसके आस-पास की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए लगाया गया है।

प्रतिबंध का उद्देश्य

यह कदम विशेष रूप से सुरक्षा कारणों से उठाया गया है ताकि दिल्ली और उसके आसपास के क्षेत्र में किसी भी तरह की अवैध या संदिग्ध गतिविधि को रोका जा सके। ऐसे एयर स्पोर्ट्स उपकरणों का उपयोग आतंकवाद, जासूसी या अन्य गैरकानूनी गतिविधियों के लिए किया जा सकता है, इसलिए सरकार ने इस अवधि के लिए कड़े सुरक्षा उपाय लागू किए हैं।

प्रतिबंध की अवधि और क्षेत्र

प्रतिबंध की अवधि प्रतिबंधित क्षेत्र लागू गतिविधियाँ
11 सितंबर 2026 से 13 सितंबर 2026 तक दिल्ली से 100 किलोमीटर के दायरे में हैंग-ग्लाइडर, पैराग्लाइडर, पैरामोटर का संचालन

प्रभावित गतिविधियाँ

  • हैंग-ग्लाइडिंग: बिना इंजन वाले ग्लाइडर के जरिए हवा में उड़ान भरना।
  • पैराग्लाइडिंग: पैराग्लाइडर पेराशूट के समान उपकरण से हवा में उड़ान।
  • पैरामोटर: पैराग्लाइडर के साथ इंजन लगे उपकरण से उड़ान।

इन सभी गतिविधियों पर इस अवधि में पूरी तरह प्रतिबंध रहेगा। प्रतिबंध का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

सरकारी निर्देश और सुरक्षा एजेंसियों की भूमिका

सरकार ने सुरक्षा एजेंसियों को निर्देश दिए हैं कि वे इस अवधि के दौरान इस क्षेत्र में निगरानी बढ़ाएं और किसी भी संदिग्ध गतिविधि को तुरंत रोकें। एयरपोर्ट अथॉरिटी, पुलिस और अन्य संबंधित विभाग मिलकर इस प्रतिबंध को प्रभावी बनाने में लगे हुए हैं।

नागरिकों के लिए सलाह

सभी नागरिकों और एयर स्पोर्ट्स से जुड़े लोगों से अनुरोध है कि वे इस अवधि में इस क्षेत्र के भीतर इन गतिविधियों से बचें और सरकार के निर्देशों का पालन करें। इससे न केवल सुरक्षा बनी रहेगी बल्कि किसी भी तरह की आपात स्थिति से बचा जा सकेगा।

निष्कर्ष

भारत सरकार का यह निर्णय देश की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए लिया गया है। 11 से 13 सितंबर 2026 तक दिल्ली के 100 किलोमीटर के दायरे में हैंग-ग्लाइडर, पैराग्लाइडर और पैरामोटर के संचालन पर प्रतिबंध लगाकर संभावित खतरे को रोका जाना है। सभी संबंधित पक्षों को इस आदेश का पालन करना अनिवार्य है।