Daily Current Affairs: 7th May, 2026

1. Supreme Court के जजों की संख्या में वृद्धि

5 मई 2026 को Union Cabinet ने Supreme Court (Number of Judges) Amendment Bill, 2026 को मंजूरी दी है। इस बिल के अनुसार Supreme Court के कुल जजों की संख्या, Chief Justice of India को छोड़कर, 33 से बढ़ाकर 37 कर दी जाएगी।

यह संशोधन Supreme Court (Number of Judges) Act, 1956 में किया गया है। संविधान के Article 124(1) के तहत CJI और अन्य जजों की संख्या संसद तय करती है। पहले इस एक्ट में जजों की संख्या 10 (CJI को छोड़कर) थी, जिसे समय-समय पर निम्नानुसार बढ़ाया गया:

सालजजों की संख्या (CJI को छोड़कर)
1956 (मूल)10
196013
197717
198625
200830
201933

इस बार 4 और जजों की संख्या बढ़ाने का मुख्य उद्देश्य सुप्रीम कोर्ट के काम के बोझ को कम करना और लंबित मामलों को तेजी से निपटाना है, जिससे न्याय प्रक्रिया और अधिक प्रभावी होगी।

2. India Semiconductor Mission के तहत नई परियोजनाएं

मई 2026 में भारत सरकार ने India Semiconductor Mission के अंतर्गत दो नए प्रोजेक्ट को मंजूरी दी है, जिसमें देश की पहली Mini/Micro-LED डिस्प्ले फैक्ट्री शामिल है जो Gallium Nitride (GaN) तकनीक पर आधारित होगी।

Crystal Matrix Limited गुजरात के धोलेरा में Mini/Micro-LED डिस्प्ले मॉड्यूल्स के लिए एकीकृत सेमीकंडक्टर फैब्रिकेशन और ATMP सुविधा स्थापित करेगा। यह फैक्ट्री GaN foundry सेवाएं भी उपलब्ध कराएगी, जिसमें 6-इंच वेफर्स पर epitaxy शामिल है। इसकी सालाना उत्पादन क्षमता 72,000 वर्ग मीटर Mini/Micro-LED पैनल और 24,000 सेट RGB GaN epitaxy वेफर्स है। ये उत्पाद टीवी, कमर्शियल साइनज, स्मार्टफोन, टैबलेट, इन-कार डिस्प्ले, XR ग्लासेस और स्मार्टवॉच जैसे उपकरणों में उपयोग होंगे।

दूसरी मंजूरी Suchi Semicon Private Limited को सूरत में Outsourced Semiconductor Assembly and Test (OSAT) सुविधा स्थापित करने के लिए दी गई है। इन नई मंजूरियों के साथ India Semiconductor Mission के तहत कुल स्वीकृत प्रोजेक्ट्स की संख्या 12 हो गई है।

3. Mission for Cotton Productivity की शुरुआत

Union Cabinet ने ₹5,659.22 करोड़ के बजट के साथ Mission for Cotton Productivity को मंजूरी दी है, जो 2026-27 से 2030-31 तक लागू रहेगा। यह मिशन Ministry of Agriculture and Farmers Welfare तथा Ministry of Textiles द्वारा संयुक्त रूप से क्रियान्वित किया जाएगा।

इस मिशन का उद्देश्य भारत के कपास क्षेत्र में उत्पादन में गिरावट, विकास संबंधी चुनौतियां और गुणवत्ता से जुड़ी समस्याओं का समाधान करना है। यह सरकार की 5F विजन (Farm to Fibre to Factory to Fashion to Foreign) के अनुरूप है।

मिशन के तहत आधुनिक खेती के तरीके अपनाए जाएंगे, जिनमें High Density Planting System (HDPS), Closer Spacing (CS), Integrated Cotton Management, Extra Long Staple (ELS) कपास को बढ़ावा देना शामिल है। इसके अलावा गिनिंग और प्रोसेसिंग फैक्ट्रियों का आधुनिकीकरण किया जाएगा ताकि गुणवत्ता में सुधार हो सके और कपास परीक्षण के लिए आधुनिक और मान्यता प्राप्त सुविधाएं उपलब्ध हों।

Kasturi Cotton Bharat के माध्यम से कपास की ब्रांडिंग और ट्रेसबिलिटी को बढ़ावा मिलेगा जिससे भारतीय कपास को वैश्विक स्तर पर प्रीमियम उत्पाद के रूप में स्थापित किया जा सके। मंडियों के डिजिटल इंटीग्रेशन से किसानों को पारदर्शी मूल्य निर्धारण और बेहतर बाजार पहुंच मिलेगी। कपास के कचरे के पुनर्चक्रण और सर्कुलर इकोनॉमी प्रथाओं को भी प्रोत्साहित किया जाएगा।

भारत के फाइबर बेस को विविध बनाने के लिए फ्लैक्स, रेमी, सिसाल, मिल्कवीड, बांस और केले के फाइबर को भी बढ़ावा दिया जाएगा। शुरुआत में यह मिशन 14 राज्यों के 140 जिलों और लगभग 2,000 गिनिंग एवं प्रोसेसिंग फैक्ट्रियों में लागू होगा। इसमें Indian Council of Agricultural Research, Council of Scientific and Industrial Research, और State Agricultural Universities (SAUs) भी शामिल हैं।

4. Vadinar में नई Ship Repair Facility

5 मई 2026 को Cabinet Committee on Economic Affairs (CCEA) ने ₹1,570 करोड़ की लागत से Vadinar में एक आधुनिक Ship Repair Facility विकसित करने की मंजूरी दी। यह प्रोजेक्ट Deendayal Port Authority और Cochin Shipyard Limited के संयुक्त प्रयास से बनाया जाएगा।

यह एक ब्राउनफील्ड परियोजना होगी जिसमें 650 मीटर लंबी जेट्टी, दो बड़े फ्लोटिंग ड्राई डॉक, कार्यशालाएं और अन्य समुद्री अवसंरचना शामिल होंगी। Vadinar को इसकी प्राकृतिक गहरी ड्राफ्ट, मुख्य शिपिंग मार्गों से अच्छी कनेक्टिविटी और मुंद्रा व कांडला जैसे बंदरगाहों के नजदीक होने के कारण चुना गया है। यह सुविधा विशेषकर बड़े वाणिज्यिक जहाजों और विदेशी ध्वज वाले जहाजों के लिए होगी।

5. गन्ने के लिए Fair and Remunerative Price (FRP) 2026-27

Cabinet Committee on Economic Affairs ने गन्ने के 2026-27 के लिए FRP ₹365 प्रति क्विंटल तय किया है। यह मूल्य 10.25% बेसिक शुगर रिकवरी रेट के लिए निर्धारित है।

10.25% से ऊपर हर 0.1% शुगर रिकवरी पर ₹3.56 प्रति क्विंटल का प्रीमियम मिलेगा, जबकि 10.25% से कम रिकवरी पर हर 0.1% कमी के लिए ₹3.56 प्रति क्विंटल की कटौती होगी। यदि रिकवरी 9.5% से कम है तो कोई कटौती नहीं होगी और किसानों को ₹338.30 प्रति क्विंटल मिलेगा।

2026-27 के लिए गन्ने की अनुमानित उत्पादन लागत (A2+FL) ₹182 प्रति क्विंटल है।